खातिर से या लिहाज से मैं मान तो गया
झूटी कसम से आपका ईमान तो गया
देखा हैं बुतकदे में जो ऐ शैख कुछ न पूछ
ईमान कि तो ये है कि ईमान तो गया
दिल लेके मुफ्त कहते है कुछ काम का नहीं
उल्टी शिकायते हुई एहसान तो गया
आफ्शा-ए-राजे इश्क में गो जिल्लतें हुई
लेकिन उसे जता तो दिया जान तो गया
होशो-हवासो ताबो-तवॉ दाग जा चुके
अब हम भी जाने वाले है सामान तो गया
(दाग देहलवी)
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